Tuesday, March 10, 2026

ये जे पल अभी

ये जे पल अभी गुजरा है
वो सुना था, बेजान और लवारीस भी
क्योंकी ना थे उस पल मे
हम इक दुजे के पास
तो चल, उन गुजरते हुए पलो के लिए ही सही 
उन्हे तनहा छोडने का
जुल्म नही करते
आ मिल जाते है हम दोनो
कम से कम वक्त का वक्त तो
खुशी से कटे

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